मौलाना गुलाम मोहम्मद वस्तानवी ने मीडिया का आभार व्यक्त करते हुए साफ तौर पर कहा कि दारुल उलूम किसी खानदान विशेष की जागीर नहीं है। उन्होंने कहा कि मैं कोई राजनीतिक व्यक्ति नहीं हूं। मैं एक सीधा सादा इंसान हूं। मदरसे व कालेज चलाता हूं। मेरा यही मकसद है कि दारुल उलूम तरक्की करे तथा यहां अमन कायम रहे। उन्होंने कहा कि मोहतमिम का पद मेरे लिए कोई मायने नहीं रखता। मैं तो दारुल उलूम का सेवक हूं और सेवा करता रहूंगा। उन्होंने यह भी कहा कि तलबा का प्रयोग किया गया जो गलत है।
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